विजयादशमी पर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कच्छ, गुजरात से पाकिस्तान को कड़ा संदेश दिया। Sir Creek विवाद और ऑपरेशन सिंदूर पर बड़ी चेतावनी।

विजयादशमी पर राजनाथ सिंह का पाकिस्तान को कड़ा संदेश
विजयादशमी (दशहरा) 2025 के मौके पर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कच्छ, गुजरात से राष्ट्र को संबोधित करते हुए पाकिस्तान को सीधा और सख्त संदेश दिया।
उन्होंने साफ शब्दों में कहा – अगर पाकिस्तान ने Sir Creek में किसी तरह की हरकत करने की कोशिश की, तो “उसकी Geography बदल जाएगी।”
यह बयान सोशल मीडिया और न्यूज़ प्लेटफॉर्म्स पर तेजी से वायरल हो गया, जिसने यह साफ कर दिया कि भारत अपनी सुरक्षा और संप्रभुता को लेकर किसी भी तरह का समझौता नहीं करेगा।
राजनाथ सिंह ने क्या कहा?
अपने संबोधन में रक्षा मंत्री ने:
-
पाकिस्तान को चेतावनी दी कि वह Sir Creek में घुसपैठ करने की कोशिश न करे।
-
देश को ऑपरेशन सिंदूर की याद दिलाई, जब पाकिस्तान ने भारत की रक्षा प्रणाली को तोड़ने की कोशिश की थी, लेकिन भारतीय सेना ने करारा जवाब दिया।
-
Sir Creek के स्ट्रैटेजिक महत्व को समझाते हुए बताया कि “कराची का रास्ता इसी Creek से होकर जाता है।”
यह भाषण न सिर्फ दुश्मनों के लिए चेतावनी था, बल्कि भारतीय नागरिकों के लिए भी एक भरोसा था कि भारत की सेना हर खतरे से निपटने के लिए तैयार है।
Sir Creek का स्ट्रैटेजिक महत्व
Sir Creek विवाद भारत और पाकिस्तान के बीच एक पुराना सीमा विवाद है, जो रण ऑफ कच्छ में स्थित है। यह इलाका कई कारणों से बेहद अहम है:
-
इससे समुद्री सीमा और Exclusive Economic Zone (EEZ) तय होती है।
-
यह कराची के नज़दीक होने के कारण पाकिस्तान के लिए बेहद संवेदनशील इलाका है।
-
इस पर कंट्रोल से फिशिंग राइट्स, तेल की खोज और नौसैनिक ताकत पर असर पड़ता है।
यही वजह है कि राजनाथ सिंह ने इस स्थान से अपना संदेश दिया, ताकि यह साफ हो जाए कि भारत किसी भी कीमत पर पीछे हटने वाला नहीं है।
ऑपरेशन सिंदूर: पाकिस्तान की कमज़ोरियाँ उजागर
अपने भाषण में राजनाथ सिंह ने ऑपरेशन सिंदूर का जिक्र किया।
उन्होंने कहा कि पाकिस्तान ने भारत की सुरक्षा को चुनौती देने की कोशिश की थी, लेकिन भारतीय सेना ने सटीक जवाब देकर पाकिस्तान की एयर डिफेंस सिस्टम की कमजोरियों को उजागर कर दिया।
इससे यह संदेश और भी मजबूत हो गया कि भारत अपनी सीमाओं की सुरक्षा को लेकर किसी भी तरह की ढिलाई नहीं बरतेगा।
राजनीति और कूटनीति पर असर
ऐसे बयान सिर्फ सैन्य चेतावनी नहीं होते, बल्कि इनके कई मायने होते हैं:
-
पाकिस्तान के लिए: यह साफ संकेत है कि भारत किसी भी उकसावे पर कड़ा जवाब देगा।
-
भारत के नागरिकों के लिए: यह सेना की ताकत और सुरक्षा क्षमता पर गर्व और भरोसा देता है।
-
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर: यह दिखाता है कि भारत अपनी संप्रभुता और क्षेत्रीय स्थिरता की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है।
FAQs
1. Sir Creek विवाद क्या है?
यह भारत और पाकिस्तान के बीच 96 किमी लंबी Creek को लेकर सीमा विवाद है। दोनों देश इस पर अपना अधिकार जताते हैं।
2. विजयादशमी पर ऐसा संदेश क्यों दिया गया?
विजयादशमी बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक है। इस दिन पर दिए गए संदेश का प्रतीकात्मक और राष्ट्रीय महत्व और बढ़ जाता है।
3. ऑपरेशन सिंदूर क्या था?
यह भारतीय सेना की वह कार्रवाई थी, जिसमें पाकिस्तान की घुसपैठ की कोशिशों को विफल कर दिया गया और उनकी कमजोरियों को उजागर किया गया।
निष्कर्ष
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह का कच्छ से विजयादशमी पर दिया गया संदेश भारत की सैन्य तैयारी और राष्ट्रीय सुरक्षा पर उनके दृढ़ संकल्प को दिखाता है।
उनका बयान – “अगर पाकिस्तान ने Sir Creek में कोई हरकत की, तो उसकी Geography बदल जाएगी” – सिर्फ शब्द नहीं, बल्कि एक सख्त चेतावनी थी।
जैसे-जैसे सीमा पर तनाव बढ़ता है, भारत का यह रुख साफ करता है कि देश शांति चाहता है, लेकिन ताकत से समझौता नहीं करेगा।
✨ ताज़ा खबरों और जियोपॉलिटिक्स अपडेट्स के लिए जुड़ें News Heaven के साथ।
Also read: प्रधानमंत्री मोदी ने RSS के 100 साल पूरे होने पर जारी किया विशेष डाक टिकट और ₹100 का सिक्का




